ग्रेटर कैलाश और कापसहेड़ा में आग से अफरा-तफरी, दमकल की कई गाड़ियों ने पाया काबू
नई दिल्ली, 09 जून । राजधानी में सोमवार को अलग-अलग इलाकों में आग लगने की दो घटनाओं से अफरा-तफरी मच गई। दक्षिण दिल्ली के ग्रेटर कैलाश-1 स्थित एक मकान में चौथी मंजिल पर आग लग गई। जबकि दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के कापसहेड़ा स्थित अंबेडकर कॉलोनी में झुग्गियों में भीषण आग भड़क उठी। दोनों घटनाओं में दमकल विभाग ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पा लिया। किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
ग्रेटर कैलाश-1 में मकान की चौथी मंजिल पर लगी आग
दिल्ली दमकल विभाग के अनुसार मंगलवार सुबह करीब 11:36 बजे ग्रेटर कैलाश-1 एन्क्लेव स्थित डी-24 मकान में आग लगने की सूचना मिली। शुरुआती जानकारी के अनुसार मकान की चौथी मंजिल पर लगे एयर कंडीशनर (एसी) में आग लगी थी। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की दो गाड़ियों को मौके पर भेजा गया। आग की गंभीरता को देखते हुए बाद में तीन और गाड़ियों को मौके पर रवाना किया गया। दोपहर 12:45 बजे आग को बड़ा घोषित किया गया। जिसके बाद पांच गाड़ियों को घटनास्थल पर भेजा गया।
आग बुझाने के अभियान का नेतृत्व एडीओ सरबजीत, स्टेशन अधिकारी फूल सिंह मीणा, स्टेशन अधिकारी मुकुल और स्टेशन अधिकारी मनीष ने किया। कुल नौ दमकल वाहन मौके पर लगाए गए। दमकलकर्मियों ने करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद दोपहर 1:10 बजे आग पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया। अधिकारियों के अनुसार आग चौथी मंजिल पर रखे घरेलू सामान में लगी थी। आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।
कापसहेड़ा की झुग्गियों में लगी भीषण आग
वहीं दूसरी घटना दोपहर करीब 1:28 बजे कापसहेड़ा के समालखा गांव स्थित अंबेडकर कॉलोनी में हुई। यहां झुग्गियों में आग लगने की सूचना पर दमकल विभाग ने तत्काल कार्रवाई करते हुए चार वाहन को घटनास्थल के लिए रवाना किया।
दमकल अधिकारियों के अनुसार आग तेजी से फैल रही थी, जिसके चलते कई झुग्गियां इसकी चपेट में आ गईं। आग बुझाने के अभियान का नेतृत्व एडीओ आर.के. यादव ने किया। उनके साथ स्टेशन अधिकारी अमित, स्टेशन अधिकारी परवीन और स्टेशन अधिकारी निर्भया भी मौके पर मौजूद रहे। दमकल विभाग ने करीब एक घंटे के प्रयास के बाद दोपहर 2:20 बजे आग पर काबू पा लिया। हालांकि आग पूरी तरह बुझने के बाद भी कूलिंग ऑपरेशन जारी रखा गया ताकि दोबारा आग भड़कने की संभावना न रहे। फिलहाल दोनों घटनाओं में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। नुकसान का आकलन और आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।